Haryana School Education Board Played Game With Future Of Students – आरोपः हरियाणा बोर्ड ने 10वीं के रिजल्ट में गड़बड़ की, दांव पर लग सकता है 10000 बच्चों का भविष्य

Haryana School Education Board Played Game With Future Of Students – आरोपः हरियाणा बोर्ड ने 10वीं के रिजल्ट में गड़बड़ की, दांव पर लग सकता है 10000 बच्चों का भविष्य

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हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड
– फोटो : फाइल फोटो

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हरियाणा स्कूल शिक्षा बोर्ड की कथित मनमानी के कारण हजारों बच्चों का भविष्य दांव पर लग सकता है, प्रदेश स्कूल संघ ने आरोप लगाए हैं। आरोप हैं कि दसवीं कक्षा के लगभग दस हजार बच्चों के रिजल्ट में गड़बड़ी की गई है। दो हजार बच्चे तो ऐसे हैं, जिन्होंने परीक्षा दी थी, लेकिन उनके हस्ताक्षर होने के बावजूद रिजल्ट में अनुपस्थित दर्शाया गया है। प्राइवेट स्कूल संघ ने बोर्ड के रवैये के खिलाफ आंदोलन करने की चेतावनी दी है।

संघ के प्रदेशाध्यक्ष सत्यवान कुंडू, महासचिव अशोक रोहतक, प्रांतीय उपप्रधान सौरभ कपूर व घनश्याम शर्मा, संरक्षक तेलूराम रामायणवाला व संजय धत्तरवाल ने कहा कि कुछ ऐसे बच्चे हैं, जिनके कुल अंक तो दिखाए हैं, लेकिन रिजल्ट कैंसिल दिखाया गया है। यह उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ है। बहुत से बच्चों के औसत अंक लगाने में भी गड़बड़ी हुई है। उनकी मांग है कि जिन बच्चों का रिजल्ट रोका गया है, उसे घोषित किया जाए।

डिफेंस फिजियोथेरेपिस्ट हरियाणा में भी करा सकेंगे रजिस्ट्रेशन, खोल सकेंगे सेंटर या प्रशिक्षण संस्थान

जिन बच्चों को हाजिर होते हुए भी गैरहाजिर दिखाया गया है, उस त्रुटि को ठीक करके रिजल्ट निकालें। औसत अंकों की गड़बड़ी को भी ठीक किया जाए, अन्यथा बच्चे, अभिभावक व स्कूल संचालक मिलकर आंदोलन करने के लिए मजबूर हो जाएंगे। जिसकी जिम्मेदारी बोर्ड प्रशासन व सरकार की होगी। कुंडू ने कहा कि ऐच्छिक विषयों में भी 99018 बच्चों को फेल कर दिया गया है, जबकि बोर्ड ने उन विषयों की परीक्षा ली ही नहीं थी।

उन्होंने मांग की है कि बच्चों को सीसीई के अंकों के आधार पर पास किया जाए, ताकि उनका भविष्य खराब होने से बचाया जा सके। अगर बोर्ड ने रोके गए रिजल्ट को घोषित नहीं किया, अनुपस्थित बच्चों का रिजल्ट नहीं निकाला, ऐच्छिक विषयों व विज्ञान में फेल 99018 बच्चों को पास नहीं किया तो प्राइवेट स्कूल बोर्ड के किसी भी आदेश का पालन नहीं करेंगे।

सार

  • प्राइवेट स्कूल संघ ने शिक्षा बोर्ड पर लगाए मनमानी के आरोप
  • बच्चों के रिजल्ट में की गड़बड़ी, दो हजार बच्चों को दिखाया गैरहाजिर
  • हजारों बच्चों का रिजल्ट रोका, एक लाख बच्चे बिना पेपर लिए किए फेल

विस्तार

हरियाणा स्कूल शिक्षा बोर्ड की कथित मनमानी के कारण हजारों बच्चों का भविष्य दांव पर लग सकता है, प्रदेश स्कूल संघ ने आरोप लगाए हैं। आरोप हैं कि दसवीं कक्षा के लगभग दस हजार बच्चों के रिजल्ट में गड़बड़ी की गई है। दो हजार बच्चे तो ऐसे हैं, जिन्होंने परीक्षा दी थी, लेकिन उनके हस्ताक्षर होने के बावजूद रिजल्ट में अनुपस्थित दर्शाया गया है। प्राइवेट स्कूल संघ ने बोर्ड के रवैये के खिलाफ आंदोलन करने की चेतावनी दी है।

संघ के प्रदेशाध्यक्ष सत्यवान कुंडू, महासचिव अशोक रोहतक, प्रांतीय उपप्रधान सौरभ कपूर व घनश्याम शर्मा, संरक्षक तेलूराम रामायणवाला व संजय धत्तरवाल ने कहा कि कुछ ऐसे बच्चे हैं, जिनके कुल अंक तो दिखाए हैं, लेकिन रिजल्ट कैंसिल दिखाया गया है। यह उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ है। बहुत से बच्चों के औसत अंक लगाने में भी गड़बड़ी हुई है। उनकी मांग है कि जिन बच्चों का रिजल्ट रोका गया है, उसे घोषित किया जाए।

डिफेंस फिजियोथेरेपिस्ट हरियाणा में भी करा सकेंगे रजिस्ट्रेशन, खोल सकेंगे सेंटर या प्रशिक्षण संस्थान

जिन बच्चों को हाजिर होते हुए भी गैरहाजिर दिखाया गया है, उस त्रुटि को ठीक करके रिजल्ट निकालें। औसत अंकों की गड़बड़ी को भी ठीक किया जाए, अन्यथा बच्चे, अभिभावक व स्कूल संचालक मिलकर आंदोलन करने के लिए मजबूर हो जाएंगे। जिसकी जिम्मेदारी बोर्ड प्रशासन व सरकार की होगी। कुंडू ने कहा कि ऐच्छिक विषयों में भी 99018 बच्चों को फेल कर दिया गया है, जबकि बोर्ड ने उन विषयों की परीक्षा ली ही नहीं थी।

उन्होंने मांग की है कि बच्चों को सीसीई के अंकों के आधार पर पास किया जाए, ताकि उनका भविष्य खराब होने से बचाया जा सके। अगर बोर्ड ने रोके गए रिजल्ट को घोषित नहीं किया, अनुपस्थित बच्चों का रिजल्ट नहीं निकाला, ऐच्छिक विषयों व विज्ञान में फेल 99018 बच्चों को पास नहीं किया तो प्राइवेट स्कूल बोर्ड के किसी भी आदेश का पालन नहीं करेंगे।

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